विगत दिनों, सोनी पिक्चर्स इंडिया ने फिल्म 'ईविल डेड बर्न' का १५ सेकंड की टीज़र क्लिप साझा की है। इस क्लिप में आग के भयानक दृश्य, एक मकड़ी, जली हुई चीज़ें और फ़ोन के ज़्यादा गर्म होने की चेतावनी दिखाई गई है। इस चेतावनी से इस हॉरर फ़िल्म का रोमांच बढ़ जाता है ।
यह क्लिप 'ईविल डेड' फ़्रैंचाइज़ी की छठी फ़िल्म का प्रचार करती
है। इसे सेबेस्टियन वानिसेक ने डायरेक्ट किया है और सैम राइमी व रॉब टैपर्ट ने निर्मित किया है। यह एक क्रूर, आर रेटेड सुपरनैचुरल कहानी है जो 'डेडाइट्स' के साथ एक जानलेवा पारिवारिक मिलन पर केंद्रित है।
'ईविल डेड बर्न' 10 जुलाई, 2026 को अंग्रेज़ी, हिंदी, तमिल और तेलुगु भाषाओं में भारतीय
सिनेमाघरों में रिलीज़ होगी। भारत सहित अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इसके डिस्ट्रीब्यूशन
का भार सोनी पिक्चर्स संभाल रही है ।
फिल्म के निर्माता सैम राइमी ने 'ईविल डेड' फ़्रैंचाइज़ी बनाई थी और वह इससे मुख्य
मार्गदर्शक के तौर पर गहराई से जुड़े हुए हैं। पहली तीन ईविल डेड फिल्मों के पश्चात् वह मुख्य रूप से नई ईविल फ़िल्मों का निर्माण करते हैं और निर्देशन का दायित्व अन्य को सौंप देते हैं ।
ईविल डेड फिल्म फ्रैंचाइज़ी का प्रारम्भ, उस समय किशोरावस्था में सैम राइमी ने, १९७८ में अपने मित्रों रॉबर्ट टैपर्ट और ब्रूस कैंपबेल के साथ, विदिन द वुड्स नाम की एक शॉर्ट फ़िल्म बना कर किया था । यह एक हॉरर प्रोजेक्ट का कॉन्सेप्ट-प्रूफ़ था। इसमें जंगल में बने केबिन, नेक्रोमोनिकॉन और शैतानी कब्ज़े जैसे तत्व थे। इस लघु फिल्म ने उन्हें फ़ीचर फ़िल्म के लिए पैसे जुटाने में मदद की। तथा उन्हें अपनी पहली ईविल डेड फ़ीचर (१९८१) फ़िल्म बनाने का अवसर मिला।
राइमी ने मूल तीन त्रयी फिल्मों को लिखा और निर्देशित क्या था। इन फ़िल्मों में ब्रूस कैंपबेल ने ऐश विलियम्स की भूमिका निभाई, टैपर्ट ने प्रोड्यूस किया और कैंपबेल अहम भूमिकाओं में थे। इनमें ज़बरदस्त हॉरर, खून-खराबा और स्लैपस्टिक कॉमेडी का मिश्रण है।
द ईविल डेड (१९८१) के कथानक में दोस्तों का एक समूह एक दूर-दराज़ के केबिन में नेक्रोमोनिकॉन (बुक ऑफ़ द
डेड) के ज़रिए शैतानों को जगा देता है। यह कम बजट की 'ग्राइंडहाउस' हिट फ़िल्म थी जो कई देशों में सेंसरशिप की
दिक्कतों और विवादों के बावजूद एक बड़ी 'कल्ट क्लासिक' बन गई।
ईविल डेड २ (१९८७) को भी राइमी ने निर्देशित किया था। किन्तु, फिल्म का कथानक स्कॉट स्पीगल के साथ मिलकर लिखा गया था । इसे री-क्वेल फिल्म भी माना जाता है। क्योंकि यह फिल्म कहानी को आगे बढ़ाने से पहले पहली फ़िल्म के कुछ हिस्सों को दोहराती या नए सिरे से दिखाती थी। यह कॉमेडी और हॉरर के मिश्रण को और मज़ेदार बनाती थी, जिसमें कब्ज़े वाला हाथ और चेनसा जैसे यादगार पल शामिल हैं।
राइमी ने, त्रयी की तीसरी फिल्म आर्मी ऑफ़ डार्कनेस (१९९२) को अपने भाई इवान राइमी के साथ मिलकर लिखा था। किन्तु, यह उनकी अंतिम निर्देशित ईविल डेड फिल्म थी।ऐश को 'डेडाइट्स' और कंकालों की सेना से लड़ने के लिए
मध्ययुगीन समय में भेजा जाता है। इसका बजट बड़ा है और इसमें फैंटेसी/एक्शन के
ज़्यादा एलिमेंट थे ।
इन तीन फ़िल्मों ने राइमी के फिल्म जीवन को आगे बढ़ाया। फ्रैंचाइज़ी की विशिष्ट पहचान बनाई। इस फ्रैंचाइज़ी की सफलता का बाद, राइमी ने २००२ में स्पाइडर-मैन बना कर नई फ़्रैंचाइज़ी का प्रारम्भ कर विशिष्ट पहचान बनाई।
ईविल डेड त्रयी के बाद राइमी ने निर्देशन से दूरी बना ली। किन्तु, वह फिल्म निर्माता के रूप में फिल्म से जुड़े रहे ताकि नई ईविल डेड फ़िल्मों को आगे बढ़ाया जा सके। उन्होंने इन फिल्मों में नए निर्देशकों को क्रिएटिव आज़ादी दी। इस फ्रैंचाइज़ी के अंतर्गत ईविल डेड (२०१३) और ईविल डेड राइज (२०२३) का निर्माण हुआ। इस फ्रैंचाइज़ी की छठी फिल्म ईविल डेड बर्न है। इस फ्रैंचाइज़ी में सातवीं फिल्म ईविल डेड रैथ ७ अप्रैल २०२८ को प्रदर्शित होगी।
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