Monday, 19 May 2025

#UltraMedia ने किया गुरुदत्त की फिल्मों का पुनरुद्धार

 


यदि फ़िल्मकार गुरुदत्त आज जीवित होते तो आगामी ९ जुलाई २०२५ को जीवन की शतकीय पारी खेल जाते। किन्तु, मात्र ३९ साल की अल्पायु में, १० अक्टूबर १९६४ को इस प्रतिभाशाली फिल्मकार ने आत्महत्या कर इस संसार से विदा ले ली।




१९५१ में फिल्म बाज़ी से, निर्देशक के रूप में हिंदी फिल्म दर्शकों को मनमोहित करने वाले गुरुदत्त ने, निर्देशक के रूप में बाजी के अतिरिक्त जाल, बाज़, आरपार, मिस्टर एंड मिसेज ५५, सैलाब, प्यासा और  कागज़ के फूल का निर्देशन किया। उन्होंने निर्माता के रूप में, स्वयं के द्वारा निर्देशित फिल्मों के अतिरिक्त सीआईडी, चौदहवी का चाँद, साहब बीवी और गुलाम तथा बहारें फिर भी आएंगी जैसी कुल आठ फिल्मों का निर्माण किया। उनके द्वारा बनाई गई बाद की इन चार फिल्मों के निर्देशक राज खोसला, एम् सादिक, अबरार अल्वी और शाहिद लतीफ़ थे।



 

यहाँ बताना उपयुक्त होगा कि गुरुदत्त द्वारा निर्देशित प्यासा और कागज के फूल कालजई फ़िल्में मानी जाती है।  गुरुदत्त की फिल्मों के कालजयी स्वरुप को देखते हुए भारतीय कंपनी अल्ट्रा मीडिया एंड एंटरटेनमेंट ग्रुप ने उनकी कालजयी फिल्मों का पुनरुद्धार कर, गुरुदत्त के प्रशंसकों को श्रद्धांजलि स्वरुप प्रस्तुत किया है।  इन फिल्मों का अनावरण कांस में चल रहे अंतर्राष्ट्रीय फिल्म समारोह में किया गया।

 



उनकी 100वीं जयंती समारोह के हिस्से के रूप में, अल्ट्रा उन्हें एक महीने तक श्रद्धांजलि दे रहा है। जुलाई 2025 में पूरे भारत में गुरुदत्त की पुनरुद्धारित की गई फिल्मों को पूरे भारत के सिनेमाघरों में पुनः प्रदर्शित किया किया जाएगा। अल्ट्रा ने, गुरुदत्त की फिल्मों को किस कुशलता से पुरारुद्धारित किया है, इसका अनुमान ऊपर दिए गए कोलाज में प्यासा और कागज के फूल के पहले और बाद के चित्रों की तुलना कर किया जा सकता है.

 



डायमंड, पीएफ क्लीन, रिवाइवल आदि जैसे उद्योग-अग्रणी सॉफ़्टवेयर का उपयोग करके एक सावधानीपूर्वक फ्रेम-दर-फ्रेम 4K/2K मैनुअल बहाली प्रक्रिया के माध्यम से किया गया है । अल्ट्रा ने इन पुरानी क्लासिक फिल्मों को भविष्य की पीढ़ियों के लिए पुनर्जीवित किया है। यह पहल भारत की सिनेमाई विरासत को संरक्षित करने और इसे दुनिया के साथ साझा करने की कंपनी की व्यापक प्रतिबद्धता का एक हिस्सा है।

 


 

कंपनी ने अपनी खुद की स्वामित्व वाली तकनीकों का उपयोग करके चोरी चोरी, पैगाम (दिलीप कुमार), इंसानियत (देव आनंद और दिलीप कुमार की एक साथ अभिनीत एकमात्र फिल्म) जैसी भारतीय क्लासिक फिल्मों को रंगीन भी किया है। इस प्रकार रंगीन की गई फिल्में दर्शकों को कितना प्रभावित कर पाती है, इसका अनुमान तो इन फिल्मों के छविगृहों में प्रदर्शित होने के बाद ही लगाया जा सकता है,

#AdarshGourav ने #ShanayaKapoor से कहा- #TuYaaMain

 


#SanjayKapoor की बिटिया  #ShanayaKapoor की घोषित फिल्मो पर एक दृष्टि डालें तो पता चलता है कि उनकी लगभग सभी फ़िल्में निर्माणाधीन है. या तो पोस्ट प्रोडक्शन या प्री प्रोडक्शन के स्तर पर. अर्थात अभी तक कोई भी फिल्म पूरी नहीं हुई हैकिसी फिल्म के प्रदर्शन की बात तो जाने दीजिये.



ऐसी ही एक फिल्म #TuYaaMain भी है. अभिनेता आदर्श गौरव के साथ इस फिल्म की शूटिंग जून से प्रारंभ होने का समाचार है.



चूँकि, इस फिल्म के निर्देशक #BejoyNambiar हैं तो फिल्म के थ्रिलर होने की आशा की जाती है. बलराम और खो गए हम जैसी फिल्मों में अभिनय कर चुके आदर्श की यह फिल्म बिलकुल भिन्न शैली की है. फिल्म में आदर्श गौरव की भूमिका बिलकुल अलग तरह की बताई जा रही है. शनाया कपूर अपनी मॉडल माँ की तरह सुपर ग्लैमरस अवतार में होंगी.

Sunday, 18 May 2025

#King में #ShahRukhKhan की #RaniMukherji



क्या #RaniMukerji फिल्म #King मे #ShahRukhKhan के किंग की क्वीन अर्थात रानी बनी है?




सूत्रों की माने तो रानी मुखर्जी की फिल्म मे पूरी लंबाई की नहीं, बल्कि विस्तारित मेहमान भूमिका है।




यह भी सुगबुगाहट है कि फिल्म #King मे, शाहरुख खान से कुछ कुछ होता है, वीर जारा, चलते चलते, कभी अलविदा न कहना जैसी फ़िल्मों की रोमांस करने वाली रानी मुखर्जी माँ की भूमिका मे दिखाई देंगी। यह एक चौंकाने वाली किन्तु दिलचस्प समाचार है।



किंग के निर्देशक #SiddharthAnand है।  यह खान के साथ सिद्धार्थ की दूसरी फिल्म है।  सिद्धार्थ और शाहरुख की जोड़ी ने 2023 मे #Pathan जैसी हजार करोड़ का वर्ल्ड वाइड ग्रॉस करने वाली फिल्म की थी।

#BhoothBangla में #AkshayKumar के साथ #WamiqaGabbi और #Tabu !




निर्देशक प्रियदर्शन के साथ, अक्षय कुमार की १५ साल बाद एक साथ फिल्म भूत बंगला की शूटिंग पूरी हो गई है।  अक्षय कुमार ने इस बात की सूचना एक वीडियो के द्वारा दी, जिसमे वह एक पहाड़ी पर चढ़ाते हुए दिखाए गए है, जहाँ अभिनेत्री वामिका गब्बी पहले से बैठी हुई दिखाई देती है।

 

 

अक्षय कुमार अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर लिखते है - "और भूत बंगला का समापन हो गया! हमेशा नए-नए आविष्कार करने वाले प्रियदर्शन सर के साथ मेरा सातवाँ पागलपन भरा रोमांच, कभी न रुकने वाली एकता कपूर के साथ मेरा दूसरा रोमांच और अपनी प्रतिभा से सदैव हैरान करने वाली वामिका गब्बी के साथ मेरा पहला लेकिन उम्मीद है कि यह आखिरी जादुई सफर नहीं होगा। पागलपन, जादुई पलों और यादों के लिए आभारी हूँ।

 

 

फिल्म की एक निर्माता एकता कपूर ने इस बात को कुछ ऐसे आगे बढाया - डर और हँसी के इस माहौल  में हम भूतबंगला की शूटिंग पूरी करते हुए भावुक हो रहे हैं! लेकिन अभी सिर्फ शूटिंग खत्म हुई है, आप 2 अप्रैल, 2026 को सिनेमाघरों में इस महाकाव्य हॉरर-कॉमेडी में अपनी पसंदीदा जोड़ी  (प्रियदर्शन और अक्षय कुमार) से मिलेंगे!

 

 

भूत बंगला के इस सफ़र में, दर्शकों को डराने और हंसाने के लिए अक्षय कुमार और वामिका गब्बी का साथ तब्बू, परेश रावल, राजपाल यादव, जिसुआ सेनगुप्ता और असरानी दे रहे है। 

#RanveerSingh तक # FarhanAkhtar का #Don3

     


  जिस डॉन को ११ मुल्कों की पुलिस ढूंढ रही है,  उस डॉन को फरहान                  अख्तर ने ढूंढ निकाला है। रणवीर सिंह होंगे तीसरे डॉन !!


अंततः, ग्यारह मुल्कों की पुलिस ने तो नहीं, निर्माता निर्देशक फरहान अख्तर ने, डॉन को ढूंढ ही लिया है।  यह तीसरा डॉन, अपने दर्शकों के समक्ष आने के लिए शीघ्र ही कैमरे और आर्क लाइट का सामना करने जा रहा है।  परदे पर डॉन का यह तीसरा रूप, अभिनेता रणवीर सिंह प्रस्तुत करेंगे।  वह भारतीय डॉन को परदे पर उतारने वाले तीसरे अभिनेता होंगे।

 

 


रणवीर सिंह और फरहान अख्तर का यह डॉन पूरे १४ साल बाद नींद से जागेगा।  यद्यपि इस डॉन की घोषणा अगस्त २०२३ में, सोशल मीडिया पर एक क्लिप  डाल कर, फरहान अख्तर ने की थी।  उस क्लिप में रणवीर सिंह अपने चरित्र के बारे में बताते हुए, सिगार का कश  मारते अवतरित होते थे।  किन्तु, पूरी क्लिप में रणवीर सिंह के डॉन की मैनेरिज्म शाहरुख़ खान से प्रेरित लगती थी। 

 

 


डॉन के इतिहास में जाय जाए तो डॉन शीर्षक के साथ पहली फिल्म १९७८ में निर्देशक चंद्रा  बरोट ने १९७८ में बनाई थी।  इस फिल्म के लेखक, फरहान अख्तर के पिता जावेद अपने मित्र सलीम के साथ थे। अपने गीतों और रहस्य रोमांच के कारण डॉन (१९७८) सुपरडुपर हिट हुई थी और कल्ट फिल्म मानी गई थी।  फिल्म के डॉन अमिताभ बच्चन थे तथा उनका सतह जीनत अमान दे रही थी।  फिल्म में अमिताभ बच्चन ने डॉन के अतिरिक्त एक देहाती हमशक्ल की भूमिका भी की थी।  फिल्म में प्राण, इफ़्तेख़ार, पी जयराज, पिंचू कपूर, कमल कपूर और सत्येन कप्पू जैसे सशक्त कलाकार फिल्म को आकर्षक अभिनय वाली बना रहे थे।

 

 


कोई ३८ साल बाद डॉन  को जगाया गया।  इस बार डॉन को जगाने वाले जावेद के बेटे फरहान अख्तर थे।  उन्होंने ४१ साल के शाहरुख़ खान को अपना डॉन बनाया।  जबकि, सलीम जावेद के डॉन अमिताभ बच्चन ३७ साल के थे।  १९७८ में जीनत अमान की रोमा २००६ में प्रियंका चोपड़ा बन गई थी।  फिल्म में प्राण वाली भूमिका अर्जुन रामपाल कर रहे थे। सलीम जावेद की डॉन की हेलेन के ये मेरा दिल प्यार का दीवाना गीत को २००६ में करीना कपूर कर रहे थी।  यह फिल्म भी बड़ी हिट साबित हुई।  पांच साल बाद, डॉन प्रदर्शित हुई।  किन्तु, यह फिल्म पहली दो फिल्मों की तुलना में बड़ी हिट साबित नहीं हो सकी।

 

 


प्रश्न यह है कि रणवीर सिंह के लिए कोई रोमा होगी या नहीं? होगी तो कौन होगी? कई नाम बॉलीवुड के गलियारों में गूँज रहे है। कभी किआरा अडवाणी तो कभी शरवरी की चर्चा हो जाती है।  अब नवीनतम नाम कृति सेनन का उभर आकर आया है।  कृति सेनन इस समय बॉक्स ऑफिस पर शीर्ष की अभिनेत्री साबित हो रही है।

 


डॉन का कोई विलेन होगा या वह खुद ही विलेन होगा? क्योंकि, १९७८ की फिल्म में अमिताभ बच्चन के डॉन को कई रहस्यमय, खल चरित्रों का सामना करना पड़ा था।  हालाँकि, इनमे से कुछ बाद में पुलिस चरित्र निकलते थे।  इस दृष्टि से देखने वाली बात होगी कि फरहान ने अपने पिता के साथ डॉन की स्क्रिप्ट को कितना और कैसा परिवर्तित किया है? किन्तु, अब तक का समाचार यही है कि विक्रांत मैसी डॉन के विलेन होंगे।